भारत का अनोखा रेलवे स्टेशन! जहां प्लेटफॉर्म तक पहुंच जाती हैं गाड़ियां, जानिए इस अद्भुत स्टेशन की पूरी कहानी

क्या आपने कभी सोचा है कि रेलवे स्टेशन के अंदर अपनी कार या बाइक पार्क करके सीधे ट्रेन में सवार हो सकते हैं?
यह बात अजीब लगती है, लेकिन भारत में एक ऐसा रेलवे स्टेशन मौजूद है जहां यह सुविधा उपलब्ध है। हावड़ा जंक्शन कोलकाता में भारत का एकमात्र रेलवे स्टेशन है जिसमें 23 प्लेटफॉर्म हैं, और यहां का सबसे अनोखा फीचर यह है कि स्टेशन के दो प्लेटफॉर्म के बीच एक सड़क है, जहां लोग अपने वाहन चलाकर अंदर जा सकते हैं, उन्हें पार्क कर सकते हैं और फिर सीधे स्टेशन से अपनी ट्रेन में सवार हो सकते हैं।
हावड़ा जंक्शन की विशेषताएं
हावड़ा जंक्शन भारत का सबसे बड़ा और सबसे व्यस्त रेलवे परिसर है, साथ ही यह दुनिया के सबसे व्यस्त और बड़े ट्रेन स्टेशनों में से एक है। यह भारत का सबसे पुराना जीवित रेलवे परिसर भी है। वर्तमान में, लगभग 600 यात्री ट्रेनें इस स्टेशन से गुजरती हैं, जो प्रतिदिन 10 लाख से अधिक यात्रियों की सेवा करती हैं।
हावड़ा जंक्शन की सबसे आश्चर्यजनक विशेषताओं में से एक यह है कि यहां एक सड़क है जो स्टेशन को दो भागों में विभाजित करती है। इससे बहुत सामान के साथ यात्रा करने वाले लोगों के लिए सीधे स्टेशन के अंदर अपना वाहन पार्क करना और सीधे ट्रेन में सवार होना आसान हो जाता है।
वाहन एंट्री की व्यवस्था और नियम
हावड़ा स्टेशन की अनोखी कैब रोड सेवा रेलवे ग्राहकों के लिए एक मूल्य संवर्धित सेवा है। इस सुविधा का उपयोग करने के लिए कुछ नियम निर्धारित हैं:
- पुराने और नए कैबवे का किराया ₹240 प्रति वाहन है, जिसमें एक ड्राइवर का प्लेटफॉर्म टिकट शामिल है, और यह 2 घंटे के लिए वैध है
- निजी कारों के लिए केवल दो घंटे की अनुमति है, जिसमें एक ड्राइवर और एक व्यक्ति शामिल है। 2 घंटे की सीमा से अधिक रुकने पर अतिरिक्त शुल्क लगेगा
- दो-पहिया वाहन केवल नई कॉम्प्लेक्स की कैब रोड में अनुमतिवर्धित हैं
- टैक्सी, रेडियो कैब जैसे OLA, UBER आदि के लिए अधिकतम एक घंटे तक रुकने की अनुमति है
ट्रैफिक नियंत्रण प्रणाली
यातायात का प्रवाह केवल एक तरफा है। वाहन फोरशोर रोड से प्रवेश करेंगे और बकलैंड ब्रिज के गेट से बाहर निकलेंगे। वाहनों को बकलैंड ब्रिज गेट से कैब रोड में प्रवेश करने की अनुमति नहीं है। कैब रोड में प्रवेश को ड्यूटी पर तैनात RPF द्वारा नियंत्रित किया जाता है और टिकट चेकिंग स्टाफ द्वारा निकास की जांच की जाती है।
इस स्टेशन की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि
इस स्टेशन से पहली सार्वजनिक ट्रेन 15 अगस्त 1854 को चली थी, जो अब हावड़ा-हुगली मुख्य लाइन कहलाती है। हावड़ा जंक्शन कोलकाता में स्थित सबसे पुराना रेलवे स्टेशन है। यह शहर ब्रिटिश राज के दौरान राजधानी था।
आधुनिकीकरण की योजनाएं
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत, यह स्टेशन 1275 स्टेशनों की सूची में शामिल है जिन्हें नवीनीकृत किया जाना है। पूर्वी रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इसे एयरपोर्ट जैसा लुक देने के लिए डिजाइन को अंतिम रूप दिया गया है।
यात्रियों के लिए अलग लिफ्ट और एस्केलेटर होंगे, बिल्कुल एयरपोर्ट की तरह। निजी कारों, टैक्सियों, बसों और ऑटो-रिक्शा के लिए स्वतंत्र पिक-अप, ड्रॉप-ऑफ और पैदल यात्री प्लाजा भी प्रस्तावित हैं।
यात्रियों के लिए व्यावहारिक सुझाव
- हावड़ा स्टेशन में वाहन पार्क करने से पहले टिकट काउंटर से कैबवे टिकट लेना आवश्यक है
- समय की पाबंदी का विशेष ध्यान रखें क्योंकि अतिरिक्त समय के लिए अधिक शुल्क देना पड़ता है
- स्टेशन में 23 प्लेटफॉर्म हैं, इसलिए अपनी ट्रेन के प्लेटफॉर्म नंबर की पहले से जानकारी रखें
- भीड़-भाड़ के समय अतिरिक्त समय का बजट बनाकर रखें
निष्कर्ष
हावड़ा जंक्शन सिर्फ एक रेलवे स्टेशन नहीं है, बल्कि भारतीय रेलवे इंजीनियरिंग का एक अद्भुत नमूना है। स्टेशन प्लेटफॉर्म में पूर्वी रेलवे के लिए प्लेटफॉर्म 8 और 9 तक और दक्षिण पूर्वी रेलवे के लिए प्लेटफॉर्म 21 और 22 तक दो कैरिजवे सहित परिसर के भीतर मोटर वाहनों के लिए कैरिजवे हैं। यह सुविधा इसे भारत के अन्य सभी रेलवे स्टेशनों से अलग बनाती है और यात्रियों के लिए एक अनूठा अनुभव प्रदान करती है।
Get EasyTrain free on Play Store
Check PNR status, track trains live, see seat layout and platform alerts — all without logging in.
Download EasyTrain